कौन जाएगा? कौन जाएगा (२)
प्रभु तू मुझको भेज मैं जाऊँ वहाँ
प्रभु तू मुझको भेज तू चाहे जहाँ । (२)
बैगर कोई गए वहाँ, वे कैसे लाएँ इमान
बैगर लिये मेरा नाम, वे कैसे पाए नजात
खेत पक चुके है कौन जाएगा
चरवाहे बिन ये मेरी भेड़े, भटक रही अनजान
कौन मसीह के पीछे अपना क्रूस उठाएगा ?
हजारों लोगों को उसका वचन सुनाएगा ?